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Citizens for Justice and Peace

Agrarian Rights

Jindal Steel allotted land: Odisha villagers vow to fight back PPSS objects to how land was allotted from the land bank

Even though South Korean steel major POSCO has withdrawn from Odisha, more than 2500 acres of fertile agricultural land is yet to be handed over to villagers affected by the project. According to POSCO Pratirodh Sangharsh Samiti (PPSS), the state government has now decided to hand over the entire area to Jindal Steel of the Sajjan Jindal…

Deliberate Attempt to weaken Forest Produce scheme? Slow and certain moves to attack incomes and rights of forest dwellers

For the longest time, the lobby of contractors, bureaucrats, forest department officials and other traders have kept local forest dwellers away from their own work of labour, namely Minor Forest Produce or MFPs, giving them only wages for the work they would do to collect and process forest produce. The profit would inevitably be scooped…

Photo Feature: Distressed Farmers throng Delhi streets Manage to get audience with key opposition leaders

In a last ditch effort to make their voices heard, lakhs of Indian farmers have landed up in New Delhi to highlight the impact of anti-farmer agrarian policies of the government on their lives. The Kisan Mukti Morcha organised by the All India Kisan Sangharsh Coordination Committee, an umbrella organisation over over 200 farmers welfare…

MSP: किसानों की जीत या एक और जुमला? CJP ने अशोक धवले से बातचीत की

मोदी सरकार ने हाल ही में किसानो को दिए जाने वाले MSP में इज़ाफा किया है. कुछ अख़बार और ऑनलाइन न्यूज़ एजेंसीज इसे ‘ऐतिहासिक’ बता रहे हैं. पर आखिर सच्चाई क्या है? क्या ये MSP, स्वमिनाथन कमिटी सिफारिशों के अनुरुप है? क्या किसानों तक यह MSP पहुचाने का सरकार के पास कोई ज़रिया है?  इस…

टांगिया, उत्तर प्रदेश के वनग्रामों को मिला राजस्व दर्जा देश के उन 20 लाख वनगांव परिवारों के संघर्ष की कहानी, जिनकी गिनती जनगणना में भी नहीं होती

मघ्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, असम, गुजरात, तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक आदि राज्यों को मिलाकर पूरे देश में लगभग 7000 ऐसे वनगांव मौज़ूद हैं जिनमें टांगिया वनमजदूरों के 20 लाख से भी ज़्यादा परिवार रहते हैं। टांगिया काश्तकारों को एक ऐसा व्यवसायिक जंगल उगाने की ज़िम्मेदारी दी गई जिसे बाद में काट लिया जाएगा। अब, जब ये काश्तकार प्रशासन को अनुपयोगी लग रहे हैं वो…

संसद में पेश होंगे किसान कल्याण से सम्बंधित विधेयक ऋणात्मकता और न्यूनतम समर्थन मूल्य से संबंधित विधेयक निजी सदस्य विधेयक के रूप में पेश किए जाएंगे

देशभर में ऋण तथा अन्य आर्थिक दुर्दशाओं से ग्रस्त किसानों के लिए एक अच्छी खबर है. कृषि कल्याण हेतु प्रस्तावित दो प्रमुख विधेयकों, संपूर्ण कर्ज़ा मुक्ति विधेयक 2018 एवं कृषि उपज लाभकारी मूल्य गारंटी विधेयक 2018, को अब 21 राजनीतिक दलों का समर्थन मिल गया है. यह भारत के कृषि समुदाय के अधिकारों के लिए एक महत्वपूर्ण…

Big Win for Farmers’ Rights as Key Bills make it to Parliament Bills pertaining to Indebtedness and Minimum Support Price will be introduced as Private Members Bills

In a significant victory for rights of India’s agrarian community, two major bills geared towards the welfare of farmers, have received the backing of 21 political parties. These are ‘Farmers Freedom from Indebtedness Bill 2018’ and ‘Farmers’ Right to Guaranteed Remunerative Minimum Support Price for Agricultural Commodities Bill 2018′. On Wednesday, April 25, the All India Kisan…

भारत में किसानों, कृषि श्रमिकों और वन श्रमिकों के अधिकार सामुदायिक संसाधन

भारत की अर्थव्यवस्था हमेशा से देश भर में फैली नदियों के संजाल और उपजाऊ मिट्टी की प्रचुरता के कारण मुख्य रूप से कृषि प्रधान रही है. पंजाब में गेहूं के स्वर्णिम मैदानों से, गंगा और इसकी सहायक नदियों के बाढ़ के मैदानों में मक्का, बाजरा और दालों के जलोढ़ लहलहाते विशाल कृषि क्षेत्र तक, दार्जिलिंग…

मुंबई के बाद लखनऊ में किसानों का आक्रोश देश भर के किसानो में फैल रही है सरकार के खिलाफ़ नाराज़गी

नासिक से मुंबई long march ऐतिहासिक रैली के बाद, देश के कोने कोने में किसान आक्रोश फैल रहा है. लखनऊ के विशाल किसान प्रतिरोध रैली मे AIKS के नेताओं ने और किसानों ने सरकार को चेतावनी दी है कि उनकी मांगे मानी जायें वरना आन्दोलन नहीं रुकेगा.   Related: आत्महत्या नहीं संघर्ष करेंगे

‘आत्महत्या नहीं संघर्ष करेंगे’: किसान प्रतिरोध का नया नारा उत्तर प्रदेश में किसानों की विशाल रैली का आयोजन

उत्तर प्रदेश किसान सभा के बैनर तले १५ मार्च को लखनऊ के लक्ष्मण मेला मैदान में विशाल ‘किसान प्रतिरोध रैली’ का आयोजन किया गया, जिसमें राज्य के कोने-कोने से आये हजारों किसानों ने ‘आत्महत्या नहीं संघर्ष करेंगे’ की हुंकार भरी। किसानों ने संकल्प लिया कि वे गांव-गांव, तहसीलों, जिला मुख्यालयों और विधान सभा तक चरणबद्व…

Rights of Farmers, Agricultural Labourers and Forest Workers in India Community Resource

India has always been a predominantly agrarian economy give the abundance of rivers and fertile soil across the country. From the golden fields of wheat in Punjab, to maize, millet and pulses thriving in the alluvial rich vast agricultural expanse of the flood plains of the Ganga and its tributaries, to the lush paddy fields…

Kisan Long March ends with Fresh Promises to Farmers Protest called off as government agrees to look into all demands

In a possible relief to farmers and Adivasis from across Maharashtra who had gathered in Mumbai demanding basic rights, the Maharashtra Government has agreed to look into and address their basic demands. Over 30,000 farmers and Adivasis started the Kisan Long March from Nashik on March 6 and covered a distance of nearly 200 kilometers before reaching…

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